पाकिस्तान इंटरनेशनल एयरलाइंस (पीआईए) ने सिंध प्रांत की सरकार द्वारा उसके दो पायलटों को कोरोना वायरस संक्रमण के डर से जबरन आइसोलेशन में भेजने के कारण कराची से अपने विमानों का परिचालन बंद कर दिया है। मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक इन पायलटों के ब्रिटेन से वापस आने के कारण संक्रमित होने की आशंका थी। पीआईए ने शनिवार को मैनचेस्टर और लंदन के लिए दो विशेष उड़ानों का परिचालन किया था, जिनमें 600 ब्रिटिश यात्रियों को ले जाया गया। पाकिस्तान की सरकार ने अंतरराष्ट्रीय उड़ानों को 21 मार्च से चार अप्रैल तक बंद कर दिया था, जिसके चलते ये ब्रिटिश नागरिक वहां फंस गए थे।
पीआईए के प्रवक्ता ने अपने पायलटों को आइसोलेशन में भेजने पर प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए कहा ये कदम पाकिस्तान सरकार द्वारा विमानन कर्मचारियों के लिए जारी दिशानिर्देशों के विपरीत हैं और विमान के लंदन से लौटने के तीन घंटे पहले सभी संबंधित अधिकारियों को सूचित किया गया था। प्रवक्ता ने दि एक्सप्रेस ट्रिब्यून से कहा कि निर्देशों के बावजूद सिंध स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों ने पायलटों को जबरन आइसोलेशन में भेजने पर जोर दिया। वक्ता ने कहा कि कराची से विमान सेवाएं तब तक निलंबित रहेंगी जब तक कि संघीय और प्रांतीय सरकारों के बीच इस मसले पर सहमति नहीं बन जाती। पीआईए के मुख्य कार्यपालक एयरमार्शल अर्शद मलिक ने कहा कि उनके चालक दल के साथ अनुचित व्यवहार किया गया। हमारे उड़ानदल के लोग राष्ट्रीय गौरव हैं, जिन्होंने संकट में देश की सेवा की है। चालकदल को कराची में एक होटल में पृथक रखा गया है। उनकी जांच रपट की प्रतीक्षा है। इस बीच पायलट यूनियन पाकिस्तान एयरलाइन्स पयलट्स एसोसिएशन ने भी अपने सदस्य पायलटों को कोराना महामारी और आइसोलेशन के मद्देनजर उ़ड़ानों पर जाने से मना किया है।